गौर के गीत

(गौर के गीत ) १ बाड़ी बाड़ी बाडुल्या म्हारा भंवरा रे, बाड़ी में बैठेलो कुण। बैठे ईशरदास पातलो म्हारा भंवरा रे, ल्याय झोली भर फूल। आधा रावल देवला म्हारा भंवरा रे, आधा गोरां दे री सेज। सेज बिछावंता यूँ केव म्हारा साहब ओ, म्हाने अगड़ घड़ाय। अगड़ घड़ाऊ म्हारी बेना न सुन गोरी ए, ठाणे […]

Read More

जंवारा रा गीत – गणगौर गीत

(जंवारा रा गीत) १ ऊंच मगर ओ म्हारा हरिया जंवारा लूलिया जंवारा नीचजी मिरगा ज्यों चर। मिरगा घेरो जी ब्रह्मादासजी रा ईशरदासजी घेरो नी बन रा मिरगला। म्हे क्यूं घेरा ओ म्हारी नार पातलड़ी गौर सांवलडी, म्हारी बाई रोंवा सासर, म्हारी बाई सोंवा बापर। धोला बलदाओ बीरा बैल जुत्तावो बैल जुत्तावो ल्यावो गोरां बाई री […]

Read More

पथवारी – गणगौर गीत

(पथवारी) पथवारी ऐ माता तू मोरी माय, तन ऐ तन सिंचाल्यूं कांच दूध स्यु तन सिंच ए बिरमादास जी घर नार ज्यांरा ए ज्यांरा कोडिला साहब घर बस। तन सिचं ए ईशरजी घर नार ज्यांरा ए ज्यांरा उगन्ता साहब घर बस पथवारी ए माता तू मोरी माय, तन ए तन सिंचाल्यूं कांच दूध स्यु। (इस […]

Read More

पाटो धो – गणगौर गीत

(पाटो धो) पाटो धो ऐ पाटी धो बीरां री बेनेड पाटी धो। पाटा ऊपर पीला पान म्हे जास्याँ बीरा री जान। जान जास्या बान जास्या बीरा न परणाय ल्यासा। चुनड़ी ओढ़ाय ल्यासा, चुनी म्हारी हरी भरी, जग मोत्या स्यु जड़ी।

Read More

गौर पूजने के बाद

(गौर पूजने के बाद) ऐल खेल नदी बेव ओ पानी सिद जासी रे आधो जासी अल्यां गल्यां आधो ईशर न्हासी रे ईशर जी टो नहयलिया, गोरा बाई न्हासी रे अड़दा तांणो पड़दा तांणो, बानर वाल बंधाओ रे साटके री सुई ल्यावो, पाटके रे धागा रे सड़ सड़ सीउ म्हारे भतीजा रा बागा रे भुआ रे […]

Read More

गणगौर पूजने के समय का गीत

(गणगौर पूजने के समय का गीत) सूरज जीन छांटो, रेणा दे न छांटो, ईशरदास जी न छांटो गोरा बाई न छांटो। गौर गौर गोमती, ईशर पूज पारवती, पारवती का आला गिला, गौर के सोन का टीका, म्हा के हे कुं-कुं का टीका गौर बैठी खाट,म्हे बेठ्या पाट खाट खटीलो, पाट पटीलो कावो कीजे ,सोन को […]

Read More

धूपइयो – गणगौर गीत

(धूपइयो) धुप देई धूपइयो ऐ, दियो बाई रोंवा र हाथ अरघ देई बर पायो ऐ,पाया ईशरदास जी भरतार कुनासा री बाई कुल बहु ऐ, कुनासा री धीव ब्रह्मादास जी री कुल बहु ऐ, हेमाजल जी री धीव भांया री बेन सवासणी ऐ पायो ईशरजी रो साथ ज तेरी धुपियो सापज ऐ, सुहागन सांज सवेर। हांथा […]

Read More

सीठना – गणगौर गीत

(सीठना) ईशरदास जी तो पेचो बांधे गवरा बाई पेच संवारो ओ राज , म्हे ईशर थांरी साली छा। साली छा मतवाली ओ राज, भंवर पंट्टा पट वारी ओ राज, केशर की सी क्यारी ओ राज, लूंगा किसी बाड़ी ओ राज, म्हे ईशर थारी साली छा। ईशरजी तो डोरो पेर गोरा बाई गर्दन संवार ओ राज, […]

Read More